जश्न-ए-आजादी से पहले शर्मसार हुई दिल्ली, 3 बार बिक गई ढाई महीने की मासूम बच्ची

दिल्ली, एमएम : एक तरफ देश कल अपनी आजादी के 74वां जश्न माने की तैयारी कर रहा है। प्रधानमंत्री मोदी के नारे बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ के पैगाम को आगे बढ़ा रहा है। देश में इस समय वो वक्त है, जब देश में गुंजन शर्मा और जाह्नवी कपूर की चर्चा हो रही है। गुंजन वो इकलौती महिला पायलट, जिसने कारगिल की जंग में हिस्सा लिया और जाह्नवी कपूर वो अभिनेत्री, जिसने फिल्मी पर्दे पर उसका किरदार निभाया। इन दोनों के पिता ने अपनी बेटियों को तालीम और तरक्की दी। इसी वक्त जश्न-ए-आजादी के जोश को झकझोर कर उतार देने वाली खबर देश की राजधानी दिल्ली से मिल रही है। खबर कि, दिल्ली में एक ढाई महीने की मासूम को तीन बार बेचा गया। ये वहीं दिल्ली की इस मासूम के पिता ने उसे महज 60 हजार रुपये में बेच दिया।

घटना उत्तर-पूर्वी दिल्ली के जाफराबाद का है। परिवार में पहले से दो बेटियां थीं, इसलिए तीसरी बेटी के जन्म से पिता खुश नहीं था। इसलिए बच्ची को बेच दिया। हालांकि कुछ दिनों बाद जब पिता को अपने कृत्य पर शर्म आई तो वह सीधे महिला आयोग के पास पहुंचा। यहां से शुरू हुआ बच्ची को बरामद करने का अभियान। पुलिस के मुताबिक, बच्ची की मां अमनदीप और पिता गुरदीप ने जाफराबाद में मनीषा नामक महिला को अपनी ढाई माह की बच्ची 60 हजार में बेच दी। पिता की निशानदेही पर दिल्ली महिला आयोग की टीम जाफराबाद इलाके में पहुंची और पुलिस से संपर्क किया। बताए गए पते पर मनीषा नहीं मिली, लेकिन मोबाइल पर मनीषा ने यह जरूर बताया कि बच्ची को उसने मादीपुर में दीपा एवं मंजू को बेच दिया है।

आयोग और पुलिस की टीम तत्काल मादीपुर में बताए गए पते पर पहुंची, वहां इंदू नाम की महिला मिली। इंदू ने बताया कि मंजू एवं मनीषा ने उसके पास बच्ची छोड़ा जरूर था लेकिन फिलहाल दोनों उसे लेकर शकूरपुर में है। पुलिस ने शकूरपुर में मंजू को पकड़ा तो उसने बताया कि बच्ची संजय नाम के कारोबारी को एक लाख रुपये में बेच दी है। संजय चावड़ी बाजार में रहते हैं और निसंतान हैं। पूरी रात यहां से वहां भागने के बाद गुरुवार सुबह बच्ची को संजय के पास से बरामद कर लिया गया। पुलिस ने मानव तस्करी के आरोप में पिता अमनप्रीत, इंदु, मंजू, मनीषा एवं बच्ची को खरीदने वाले संजय को गिरफ्तार कर लिया है। बच्ची के पुनर्वास पर कार्य शुरू कर दिया गया है।

 

इधर दिल्ली महिला आयोग की अध्यक्ष स्वाति मालीवाल ने कहा कि बुधवार देर रात से ही आयोग की टीम बच्ची की तलाश में जुट गई थी। पूरी रात मशक्कत कर, कई जगह छापे मारे और एक बड़े रैकेट जिसमें बच्ची को पांच बार बेचा गया उससे छुड़वाया। इस मामले में दिल्ली पुलिस का कार्य भी सराहनीय रहा। आयोग दिल्ली पुलिस का धन्यवाद करती हैं। इस मामले में पांच लोग गिरफ्तार भी हुए हैं। इन्हें सख्त सजा दिलाने के लिए भी आयोग काम करेगा।

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